बजट के अनुसार अब जूते और EV बैटरी सस्ती होंगी, जबकि शराब और खनिज (मिनरल्स) महंगे हो गए हैं सरकार का कहना है कि इन फैसलों का उद्देश्य घरेलू मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देना और जरूरी सेक्टरों में लागत कम करना है

शराब पीने वालों को बजट से झटका! शराब हुई महंगी.. देखें बजट 2026 में सस्ती-महंगी चीजों की पूरी लिस्ट

नई दिल्ली। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा संसद में पेश किए गए केंद्रीय बजट 2026 में आम जनता को दोहरी तस्वीर देखने को मिली है। एक ओर जहां कई जरूरी वस्तुओं पर महंगाई का बोझ कम करने की कोशिश की गई है, वहीं दूसरी ओर कुछ उत्पादों की कीमतों में बढ़ोतरी भी तय मानी जा रही है। खासतौर पर शराब (Liquor) की कीमतों में इजाफा होने के संकेत बजट प्रावधानों से मिले हैं।

बजट भाषण में टैक्स ढांचे में किए गए अहम बदलाव

वित्त मंत्री ने अपने बजट भाषण के दौरान कस्टम ड्यूटी और अप्रत्यक्ष करों में कई अहम बदलावों की घोषणा की। इन बदलावों का उद्देश्य राजस्व संतुलन बनाए रखते हुए उपभोक्ताओं को आवश्यक वस्तुओं में राहत देना है, लेकिन टैक्स बढ़ोतरी वाले उत्पादों पर इसका असर सीधा उपभोक्ताओं की जेब पर पड़ेगा।

शराब पर बढ़ा टैक्स, कीमतों में इजाफा तय

बजट प्रावधानों के अनुसार, शराब से जुड़े उत्पादों पर टैक्स ढांचे में बदलाव किए गए हैं, जिससे आगामी दिनों में शराब की कीमतों में बढ़ोतरी देखी जा सकती है। विशेषज्ञों का मानना है कि राज्य सरकारें अपने स्तर पर शुल्क समायोजन कर सकती हैं, लेकिन केंद्र के फैसले का असर खुदरा कीमतों पर पड़ना लगभग तय है।

जरूरी वस्तुओं में मिली राहत

हालांकि बजट में आम उपभोक्ताओं के लिए राहत के संकेत भी दिए गए हैं। कुछ आवश्यक वस्तुओं पर कस्टम ड्यूटी और टैक्स में कटौती की गई है, जिससे इनकी कीमतों में स्थिरता या गिरावट संभव है। सरकार का फोकस महंगाई नियंत्रण और खपत को बढ़ावा देने पर रहा है।

जेब पर पड़ेगा मिला-जुला असर

कुल मिलाकर बजट 2026 का असर आम जनता के लिए मिला-जुला रहने वाला है। जहां रोजमर्रा की कुछ जरूरतों में राहत मिलेगी, वहीं शराब जैसे उत्पादों पर खर्च बढ़ सकता है। आने वाले दिनों में राज्यों द्वारा लागू की जाने वाली नई दरों के बाद कीमतों की तस्वीर और साफ होगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button